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الفَاتِحة /

आयत 2

1 : 2

आयत 2 of الفَاتِحة (1 : 2). This page carries the verse in the Uthmani script with a translation of its meaning, at a stable URL that can be cited on its own.

الفَاتِحة आयतें 7
सूरह · الفَاتِحة
हिन्दी · Omari
1 : 2

ٱلۡحَمۡدُ لِلَّهِ رَبِّ ٱلۡعَٰلَمِينَ

हर प्रकार की प्रशंसा उस अल्लाह के लिए है, जो सारे संसारों का पालनहार है।

Explanation & meanings · 2
  1. 'अल्लाह' का अर्थ 'ह़क़ीक़ी पूज्य' है। जो संसार के रचयिता, विधाता के लिए विशिष्ट है।
  2. 'पालनहार' होने का अर्थ यह है कि जिस ने इस संसार की रचना करके इसके प्रतिपालन की ऐसी विचित्र व्यवस्था की है कि सभी को अपनी आवश्यक्ता तथा स्थिति के अनुसार सब कुछ मिल रहा है। यह संसार का पूरा कार्य, सूर्य, वायु, जल, धरती सब जीवन की रक्षा एवं जीवन की प्रत्येक योग्यता की रखवाली में लगे हुए हैं। इससे सत्य पूज्य का परिचय एवं ज्ञान होता है।