23 : 101
فَإِذَا نُفِخَ فِي ٱلصُّورِ فَلَآ أَنسَابَ بَيۡنَهُمۡ يَوۡمَئِذٖ وَلَا يَتَسَآءَلُونَ
फिर जब सूर (नरसिंघा) में फूँक मारी जाएगी, तो उस दिन उनके बीच न कोई रिश्ते-नाते होंगे और न वे एक-दूसरे को पूछेंगे।
Explanation & meanings · 1
- अर्थात प्रलय के दिन। उस दिन भय के कारण सबको अपनी चिंता होगी।