77 : 4
فَٱلۡفَٰرِقَٰتِ فَرۡقٗا
फिर सत्य और असत्य के बीच अंतर करने वाली चीज़ के साथ उतरने वाले फ़रिश्तों की क़सम!
Explanation & meanings · 1
- अर्थात सत्यासत्य तथा वैध और अवैध के बीच अंतर करने के लिए आदेश लाते हैं।
आयत 4 of المُرسَلات (77 : 4). This page carries the verse in the Uthmani script with a translation of its meaning, at a stable URL that can be cited on its own.
فَٱلۡفَٰرِقَٰتِ فَرۡقٗا
फिर सत्य और असत्य के बीच अंतर करने वाली चीज़ के साथ उतरने वाले फ़रिश्तों की क़सम!