Skip to content
الصَّافَات /

आयत 65

37 : 65
الصَّافَات आयतें 182
सूरह · الصَّافَات
हिन्दी · Omari
37 : 65

طَلۡعُهَا كَأَنَّهُۥ رُءُوسُ ٱلشَّيَٰطِينِ

उसके गुच्छे ऐसे हैं मानो वे शैतानों के सिर हों।