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هُود /

आयत 78

11 : 78
هُود आयतें 123
सूरह · هُود
हिन्दी · Omari
11 : 78

وَجَآءَهُۥ قَوۡمُهُۥ يُهۡرَعُونَ إِلَيۡهِ وَمِن قَبۡلُ كَانُواْ يَعۡمَلُونَ ٱلسَّيِّـَٔاتِۚ قَالَ يَٰقَوۡمِ هَٰٓؤُلَآءِ بَنَاتِي هُنَّ أَطۡهَرُ لَكُمۡۖ فَٱتَّقُواْ ٱللَّهَ وَلَا تُخۡزُونِ فِي ضَيۡفِيٓۖ أَلَيۡسَ مِنكُمۡ رَجُلٞ رَّشِيدٞ

और उसकी जाति के लोग दौड़ते हुए उसके पास आ गए और वे पहले से कुकर्म किया करते थे। उसने कहा : ऐ मेरी जाति के लोगो! ये मेरी बेटियाँ हैं, ये तुम्हारे लिए अधिक पवित्र हैं। अतः अल्लाह से डरो और मुझे मेरे अतिथियों में अपमानित न करो। क्या तुममें कोई भला आदमी नहीं?

Explanation & meanings · 2
  1. अर्थात बालमैथुन। (तफ़्सीर क़ुर्तुबी)
  2. अर्थात बस्ती की स्त्रियाँ। क्योंकि जाति का नबी उनके पिता के समान होता है। (तफ़्सीर क़ुर्तुबी)