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الفِيل /

आयत 5

105 : 5

आयत 5 of الفِيل (105 : 5). This page carries the verse in the Uthmani script with a translation of its meaning, at a stable URL that can be cited on its own.

الفِيل आयतें 5
सूरह · الفِيل
हिन्दी · Omari
105 : 5

فَجَعَلَهُمۡ كَعَصۡفٖ مَّأۡكُولِۭ

तो उसने उन्हें खाए हुए भूसे की तरह कर दिया।

Explanation & meanings · 1
  1. (1-5) इस सूरत का लक्ष्य यह बताना है कि काबा को आक्रमण से बचाने के लिए तुम्हारे देवी-देवता कुछ काम न आए। क़ुरैश के प्रमुखों ने अल्लाह ही से दुआ की थी और उनपर इसका इतना प्रभाव पड़ा था कि कई वर्षों तक साधारण नागरिकों तक ने भी अल्लाह के सिवा किसी की पूजा नहीं की थी। यह बात नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम की पैदाइश से कुछ पहले की थी और वहाँ बहुत सारे लोग अभी जीवित थे जिन्होंने यह चित्र अपने नेत्रों से देखा था। अतः उनसे यह कहा जा रहा है कि मुह़म्मद सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम जो आमंत्रण दे रहे हैं वह यही तो है कि अल्लाह के सिवाय किसी की पूजा न की जाए, और इसको दबाने का परिणाम वही हो सकता है जो हाथी वालों का हुआ। (इब्ने कसीर)