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الإنسَان /

आयत 27

76 : 27
الإنسَان आयतें 31
सूरह · الإنسَان
हिन्दी · Omari
76 : 27

إِنَّ هَٰٓؤُلَآءِ يُحِبُّونَ ٱلۡعَاجِلَةَ وَيَذَرُونَ وَرَآءَهُمۡ يَوۡمٗا ثَقِيلٗا

निःसंदेह ये लोग शीघ्र प्राप्त होने वाली चीज़ (संसार) से प्रेम रखते है और एक भारी दिन को अपने पीछे छोड़ रहे हैं।

Explanation & meanings · 1
  1. इससे अभिप्राय प्रलय का दिन है।