Skip to content
الرُّوم /

आयत 60

30 : 60
الرُّوم आयतें 60
सूरह · الرُّوم
हिन्दी · Omari
30 : 60

فَٱصۡبِرۡ إِنَّ وَعۡدَ ٱللَّهِ حَقّٞۖ وَلَا يَسۡتَخِفَّنَّكَ ٱلَّذِينَ لَا يُوقِنُونَ

तो आप धैर्य से काम लें। निःसंदेह अल्लाह का वचन सत्य है और वे लोग आपको कदापि हल्का (अधीर) न कर दें, जो यक़ीन नहीं रखते।

Explanation & meanings · 1
  1. अंतिम आयत में आप (सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम) को धैर्य तथा साहस रखने का आदेश दिया गया है। और अल्लाह ने जो विजय देने तथा सहायता करने का वचन दिया है, उसके पूरा होने और निराश न होने के लिए कहा जा रहा है।