18 : 47
وَيَوۡمَ نُسَيِّرُ ٱلۡجِبَالَ وَتَرَى ٱلۡأَرۡضَ بَارِزَةٗ وَحَشَرۡنَٰهُمۡ فَلَمۡ نُغَادِرۡ مِنۡهُمۡ أَحَدٗا
तथा जिस दिन हम पर्वतों को चलाएँगे, और तुम धरती को साफ़ मैदान देखोगे, और हम उन्हें एकत्रित करेंगे, तो उनमें से किसी को नहीं छोड़ेंगे।
Explanation & meanings · 1
- अर्थात न उसमें कोई चिह्न होगा न छिपने का स्थान।