Skip to content
النَّحل /

आयत 110

16 : 110

आयत 110 of النَّحل (16 : 110). This page carries the verse in the Uthmani script with a translation of its meaning, at a stable URL that can be cited on its own.

النَّحل आयतें 128
सूरह · النَّحل
हिन्दी · Omari
16 : 110

ثُمَّ إِنَّ رَبَّكَ لِلَّذِينَ هَاجَرُواْ مِنۢ بَعۡدِ مَا فُتِنُواْ ثُمَّ جَٰهَدُواْ وَصَبَرُوٓاْ إِنَّ رَبَّكَ مِنۢ بَعۡدِهَا لَغَفُورٞ رَّحِيمٞ

फिर निःसंदेह आपका पालनहार उन लोगों के लिए जिन्होंने आज़माइशों का सामना करने के बाद हिजरत की, फिर जिहाद किया और धैर्य रखा, निश्चय आपका पालनहार इस (परीक्षा) के बाद बड़ा क्षमाशील, अत्यंत दयावान् है।

Explanation & meanings · 1
  1. इनसे अभिप्रेत नबी सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम के वे अनुयायी हैं, जो मक्का से मदीना हिजरत कर गए।